Thursday, December 1, 2022
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रूस-यूक्रेन की लड़ाई.. भारतीय छात्रों पर आई!

यूक्रेन और रूस के बीच जंग छिड़े तकरीबन सात दिन हो चुके हैं। ऐसे में हर देश यबक्रेन की रणभूमि से अपने नागरिकों को बचाने में जुटा है। इनमें से एक भारत भी है। जहां एक ओर भारत के ‘ऑपरेशन गंगा’ के तहत राहत भरी तस्वीरें आ रही हैं। तो वहीं दूसरी ओर कई तस्वीरें ऐसी भी हैं जो विचलित कर देती हैं। चिंता में डालने वाली ऐसी ही एक तस्वीर कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने अपने ट्वीट के जरिए शेयर की है। उन्होंने ट्वीट करते हुए लिखा कि इस तरह की हिंसा झेल रहे भारतीय छात्रों और इस वीडियो को देखने वाले उनके परिवार के प्रति मेरी संवेदना है… किसी भी अभिभावक को इससे नहीं गुजरना चाहिए… वहीं भारत सरकार को भी तत्काल विस्तृत निकासी योजना को… फंसे हुए लोगों के साथ-साथ उनके परिवारों के साथ भी साझा करने की नसीहत दी… बता दें कि यूक्रेन में भारतीय छात्रों पर अब एक नया संकट छा गया है… पोलैंड देश की सीमा पर तैनात यूक्रेनी सेना के कुछ जवानों पर आरोप है कि उन्होंने भारतीय छात्रों के एक दल को जबरन रोकते हुए उनको पीटा और डराया धमकाया है… आरोप ये भी है कि बॉर्डर पर भारतीय छात्रों के साथ यूक्रेनी सैनिकों ने मारपीट कर एक छात्रा का हाथ भी तोड़ दिया है जबकि डराने के लिए कई राउंड फायर भी किए गए… आरोपों के अनुसार हमला करने वाले यूक्रेनी सैनिकों ने छात्रों से कहा कि आपकी भारत सरकार यूक्रेन का साथ नहीं दे रही है, इसलिए हम लोग आपका सहयोग क्यों करें… घटना का शिकार रह चुकी भारतीय छात्रा के मुताबिक यूनिवर्सिटी कैंपस में भी छिपे भारतीय यहां से अब पोलैंड बॉर्डर के लिए तब तक जाने को तैयार नहीं जब तक बॉर्डर तक जाने के लिए सुरक्षा की गारंटी और पहुंचने के बाद मदद मिलना सुनिश्चित नहीं होता। हालांकि इस बीच एक और पक्ष भी है… मौके पर मौजूद कई छात्रों ने कहा कि यूक्रेनी सैनिकों ने देश छोड़ने वालों में से यूक्रेनी नागरिको को अलग करने के लिए हाथापाई की… बात दें कि यूक्रेन के राष्ट्रपति जेलेन्सकी के आदेशों के मुताबिक 18 से 60 साल तक के नागरिकों को देश छोड़ने पर मनाही है। जिसके चलते कई नागरिक शरणार्थी या प्रवासी के रूप में देश छोड़ रहे हैं। जिस रात की वीडियो राहुल गांधी ने शेयर की है, उस रात तमाम भारतीय छात्र इकट्ठा थे… और ‘आंखों के धोखे’ के चलते ये हाथापाई हुई। बहरहाल भारतीय छात्रों का ये हाल वाकई चिंता में डालने वाला है। चाहें कोई सा भी पक्ष हो। मगर भारतीयों के साथ इस तरह की बर्बरता वाकई चिंता की बात है।

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